ऋषिकेश,18अक्टूबर। गंगा संरक्षण को लेकर पिछले 118 दिन से अनशन करने वाले संत गोपालदास को हरिद्वार प्रशासन के चुनाव आचार संहिता के चलते धरने से उठाकर ऋषिकेश एम्स मे बुधवार की फिर भेज दिया था  जिसके बाद आज उसे पीजीआई चण्डीगढ़ के लिये रैफर कर दिया है । गोपाल दास को चण्डीगढ़ रैफर किये जाने का कारण  एम्स प्रशासन ने गोपाल दास का जीवन बचाने के लिए भविष्य में इस प्रकार की स्थिति के दौरान उत्पन्न स्थिति उपचार और उपचार के दौरान   दिशा निर्देश भी प्राप्त किया जाना  है एम्स के जनसंपर्क अधिकारी हरीश थपलियाल का कहना था कि इससे पूर्व गोपाल दास को पांच बार एम्स में भर्ती  किया गया  है।लेकिन वह उपचार नहीं ले रहे हैं जिनका कहना है कि वह संधान चिकित्सा  लेते हैं  ।जिसके कारण उनका स्वास्थ लगातार गिर रहा है ज्ञात रहे कि 3 दिन पूर्व गोपाल दास को हरिद्वार मातृ सदन छोड़ा गया था ।जहाँ उन्होंने आमरण अनशन शुरू कर दिया था लेकिन बुधवार की देर शाम  हरिद्वार प्रशासन ने संत गोपालदास को आचार संहिता का हवाला देते हुए मातृ सदन से उठाकर  ऋषिकेश एम्स  भेज दिया था ।लेकिन ऋषिकेश एम्स ने संत गोपालदास को लेने से इनकार कर दिया था। वहीं गोपालदास ने अपना मौन तोड़ते हुए कहा कि उनको लेकर सरकार पर लगाए जा रहे हैं उनकी हत्या के जाने के आरोप बिल्कुल पूरी तरह निराधार है उन्होंने कहा कि जो शिवानंद ने आरोप लगाए हैं उससे उनका कोई लेना-देना नहीं है उनसे जब यह पूछा गया कि क्या आपको एम्स में बंधक बनाया गया उन्होंने कहा कि नहीं लेकिन जो उनका उपचार किया जा रहा है वह उनकी पद्धति के अनुसार नहीं है जो की एलोपैथिक नहीं लेना चाहते हैं। गोपाल दास का कहना  था की एम्स के लोग भी उनके साथ राजनीति कर रहे हैं।

Post A Comment: