नगर निकाय चुनाव को लेकर चल रहे टकराव के बीच सरकार ने राज्य निर्वाचन आयोग को कार्यक्रम भेज दिया है. सरकार ने राज्य निर्वाचन आयोग से चुनाव के लिए 13 मई के बाद की कोई तिथि तय करने की गुजारिश की है. 23 नगर निकायों में सीमा विस्तार नए सिरे से करने के बाद सरकार ने परिसीमन और आरक्षण को लेकर कार्यक्रम तय कर लिया है. सरकार ने राज्य निर्वाचन आयोग को कार्यक्रम भेज दिया है.

सरकार ने सभी जिलाधिकारियों को ये कार्यक्रम भेजकर इसके अनुरूप कार्यवाही के लिए कहा है. इधर 11 अप्रैल को चुनाव को लेकर हाईकोर्ट में होने वाली सुनवाई के लिए सरकार प्रति शपथ तैयार करने भी में जुटी है. सरकार को 9 अप्रैल तक यह प्रति शपथ हाईकोर्ट में जमा करना है.

नगर निकाय चुनाव को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग और राज्य सरकार के बीच टकराव की स्थिति बनी हुई है. मामला फिल्हाल हाईकोर्ट में विचाराधीन है. आयोग की अधिसूचना जारी होते ही चुनाव की आचार संहिता लागू हो जाएगी.

राज्य निर्वाचन आयोग को सरकार द्वारा भेजा गया कार्यक्रम-

  • 9 अप्रैल को 23 निकायों के कक्षों का परिसीमन प्रस्ताव जिलाधिकारी भेजेंगे.

  • 11 अप्रैल को शासन परिसीमन की अंतिम सूचना प्रकाशित करेगा.

  • 11 से 17 अप्रैल तक जिला स्तर पर परिसीमन पर आपत्तियां मांगी जाएंगी.

  • 18 से 20 अप्रैल तक जिले में परिसीमन पर आपत्तियों पर सुनवाई होगी.

  • 21 से 22 अप्रैल तक जिलाधिकारी स्तर से शहरी विकास निदेशालय को संस्तुति देंगे.

  • 23 अप्रैल को परिसीमन पर अंतिम अधिसूचना का प्रकाशन की जाएगी.

  • 24 से 26 अप्रैल तक मेयर और अध्यक्षों पद पर आरक्षण की रिपोर्ट जिलाधिकारी देंगे.

  • 27 अप्रैल को परिसीमन की अंतिम अधिसूचना जारी होगी.

  • 28 अप्रैल से 4 मई तक आरक्षण पर आपत्तियों के लिए अंतिम अधिसूचना जारी होगी.

  • 5 से 6 मई वार्डों की जिला और मेयर, अध्यक्ष के आरक्षण पर प्रशासन में सुनवाई होगी.

  • 7 से 9 मई तक सुनवाई के बाद जिलाधिकारी  निर्देशालय और शासन को सूचना देंगे.

  •  12 मई को कक्षों और मेयर, अध्यक्षों के आरक्षण की अंतिम अधिसूचना जारी होगी.

Post A Comment: